चकत्स शक्ष वभग मध्यप्रदेश

2019 का आम चुनाव अब सभी पार्टियों द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से लड़ा जा रहा है. कांग्रेस, भाजपा, आप, तेदेपा जैसी सभी पार्टियों ने आई. टी. सेल और वार रुम बनाये हैं. तकनीकी के नये दौर में चुनाव आयोग द्वारा अधिकारों के इस्तेमाल की बजाए, लाचारी दिखाते हुए सोशल मीडिया कम्पनियों के लिए ऐच्छिक कोड बना दिया गया. जिन नेताओं पर बंदिश लगी है, उन्हें टीवी और सोशल मीडिया के माध्यम से ज्यादा प्रचार मिल रहा है, जिस वजह से चुनाव आयोग के आदेश बेमानी हो सकते हैं.

मप्र के लोगों के नाम राहुल का पत्र: ‘आगे बढ़ा

Nov 05, 2022 Dean

नयीदिल्ली,27नवंबर(भाषा)कांग्रेसअध्यक्षराहुलगांधीनेमध्यप्रदेशविधानसभाचुनावकेलिएमतदानसेएकदिनपहलेमंगलवारकोराज्यकेलोगोंसेअपन…

हालांकि, बाघ संरक्षण के क्षेत्र में काम करने

Sep 24, 2022 Doherty

दुबेनेकहा,मध्यप्रदेशमेंइससाल31बाघोंकीमौतहोचुकीहै।एकसालमेंहुईयहबाघोंकीसबसेअधिकमौतेंहैं।प्रदेशकेवनविभागकोबाघोंकीमौतकाकारणक…