जागरणसंवाददाता,फिरोजपुरझिरका:क्षेत्रमेंलगातारगिरतेभूजलस्तरकीवजहसेइलाकेमेंपानीकीभारीकिल्लतदेखनेकोमिलरहीहै।सोमवारकोपानीकीसमस्यासेजूझरहीमहिलाओंनेस्थानीयजनस्वास्थ्यअभियांत्रिकीविभागकेकार्यालयकाघेरावकिया।फिरोजपुरझिरकाकेकार्यालयकेसामनेपानीकेलिएप्रदर्शनकररहीमहिलाओंकोविभागीयअधिकारियोंनेआश्वासनदेकरवापसभेजदिया।वहींपरेशानलोगोंनेहाईवेपरजामलगानेकीधमकीदीहै।

इनगांवोंमेंपानीकीसबसेअधिककिल्लत:

क्षेत्रकेगांवतिगांव,झूडा,घटवासन,गांवपाठखोरी,रावली,दोहा,मुंडाका,चैनपुरी,भोंड,सिधरावट,धमाला,ग्यासनियाबास-ठेकड़ी,धमाला,रंगाला,नसीरबास,नावली,मोहम्मदबास,नांगलमुबारिकपुर,मंहू,जैतलका,साकरस,दोरक्खी,बीवांसहितफिरोजपुरझिरकाऔरनगीनाखंडके200सेअधिकगांवऐसेहैंजहांपानीढूंढेनहींमिलरहाहै।विभागकेअधिकारियोंनेबतायाकियहांलगभगढाईसौसे300फीटभूमिगतजलनीचेपहुंचगयाहै।

क्षेत्रमेंजलसंकटपरएकनजर:

क्षेत्रमेंपानीकीसमस्यालगातारबढ़तीजारहीहै।ऐसेमेंयहांबीतेतीनसालोंमेंभूजलस्तर300से400फीटनीचेचलागयाहै।विभागद्वाराग्रामीणवशहरीइलाकोंमेंपेयजलआपूर्तिकेलिएकराएगएलगभग500से600बो¨रगसूखचुकेहैं।इसकेअलावाक्षेत्रकेअधिकांशकुएं,बावड़ीऔरझरनेइत्यादिलगभगसूखचुकेहैं।क्षेत्रमेंजलसंकटहोनेसेविभागभीपरेशानहै।फिरोजपुरझिरकाइलाकाऐसाहैजहांअभीरेनीवेलपरियोजनाकापानीनहींपहुंचाहै।हालांकिसरकारनेइसकेलिए263करोड़रुपयेकीराशिआवंटितकरदीहै।

अवैधकटाईवखननकार्यनेबिगाड़ाखेल:

नूंहअरावलीकेइर्दगिर्दबसाहुआहै।यहांदोनोंओरहरियाणाऔरराजस्थानकीसीमाएंहैं।ऐसेमेंइसक्षेत्रमेंकोईभीबड़ीनदीयानहरनहींहै।सदियोंसेहीयहांअरावलीपर्वतश्रृखलाएंहीक्षेत्रकेलिएनदीऔरनहरकाकामकररहींहै।क्योंकिअरावलीपर्वतहीयहांआदिकालसेपानीकाभंडारणकिएहुएहै।लेकिनयहांकेपहाड़ोंमेंअवैधकटाईवखननकार्यकीवजहसेजलस्त्रोतसमाप्तहोनेकीकगारपरहैं।इसकेअलावापहाड़ोंकीतलहटीमेंबो¨रगकिएजानेसेभीइसपरगहराप्रभावपड़ाहै।

येबातसहीहैकिक्षेत्रमेंभूजलस्तरकाफीनीचेगिरगयाहै।इसकीवजहसेकईजगहपानीकीकिल्लतहै,लेकिनफिरभीविभागअपनीओरसेलोगोंकेघरोंतकपानीपहुंचानेकेलिएगंभीरतासेकामकररहाहै।कार्यालयपरआएलोगोंकीसमस्याकाभीसमाधानकरदियागयाहै।

फैजलइब्राहिम,एक्सईएनजनस्वास्थ्यअभियांत्रिकीविभाग।