पानीकीकमीवालेक्षेत्रोंमेंभूजलस्तरमेंसुधारकरनेकेलिएकेंद्रसरकारकेस्तरपरतैयारीशुरूहोगईहै।चारराज्योंमेंकुल3.88लाखSq.Kmक्षेत्रमेंकिसइलाकेकीभूमिमेंकितनापानीहै,कितनीगहराईमेंहै।उसकीवास्तविकस्थितिक्याहै?इनसबकेलिएकेंद्रसरकारनेहवाईसर्वेक्षणकीकवायदशुरूकरदीहै।इससर्वेक्षणकेसाथइसलंबे-चौड़ेक्षेत्रकासंपूर्णसर्वेकियाजाएगा।

इससर्वेकेदौरानक्षेत्रकाजियोफिजिकलमेपबनायाजाएगा।इसमेपकेआधारपरइनक्षेत्रमेंपानीकीसमस्यादूरकीजाएगी।हेलिकॉप्टरयुक्तभूभौतिकीसर्वेक्षणकाउद्घाटनकलमंगलवारकोकेंद्रीयमंत्रीगजेन्द्रसिंहशेखावतएवंडॉजितेंद्रसिंहद्वाराचौखास्थितभारतीयहथकरगाप्रौद्योगिकीसंस्थाकेग्राउंडसेसुबह11बजेहरीझंडीदिखाकरकियाजाएगा।

इन4राज्योंमेंहोगासर्वेक्षण

देशकेउत्तरपश्चिमभागमेंराजस्थान,गुजरात,हरियाणाऔरपंजाबराज्योंमेंफैलेंशुष्कक्षेत्रोंमेंहेलिकॉप्टरसेसर्वेकियाजाएगा।सर्वेमेंजोभीफैक्टसामनेआएंगे,उसकेअनुसारभूमिकेजलकेस्तरकोबढ़ानेकेलिएकामकियाजाएगा।इससेराज्योंमेंकमपानीवालेक्षेत्रोंमेंपानीकीसमस्याकोदूरकियाजाएगा।इसकेलिएजलशक्तिमंत्रालयनेसर्वेक्षणकार्यक्रमकोस्वीकृतिदीहै।यहसर्वेक्षणहेलिकॉप्टरद्वाराहोगाऔरइससेपानीकीसमस्याकादूरकरनेकेलिएऔरभूजलसंसाधनोंकोबढ़ानेकेलिएहाईरिसॉल्युशनमैपबनायाजाएगा।

राजस्थानकेआठजिलेमेंसर्वे

दोचरणोंमेंहोनेवालेइससर्वेक्षणकेअन्तर्गत,पहलेचरण(2021-22)मेंलगभगएकलाखवर्गकिलोमीटरकाक्षेत्रशामिलकियागयाहै,जिसमेंराजस्थानकेआठज़िलोंमेंलगभग65,500वर्गकिलोमीटरकाक्षेत्र,गुजरातके5जिलोंका32,000वर्गकिलोमीटरक्षेत्रऔरहरियाणाके2जिलोंमें2,500वर्गकिलोमीटरक्षेत्रसम्मिलितहै।

दिसम्बरमेंहुआथाकरार

इनक्षेत्रोंमेंहेलिकॉप्टरमेंउच्चभूभौतिकीयतकनीककेसयंत्रकोलगाकरसर्वेक्षणऔरअन्यवैज्ञानिकअध्ययनोंकेउपयोगकेलिएकेंद्रीयभूमिजलबोर्ड(सीजीडब्ल्यूबी)जलशक्तिमंत्रालयऔरसीएसआईआर-एनजीआरआई,हैदराबादकेबीच21दिसंबर2020कोएककरारकियागया।

मौजूदासमयमेभूजलकेतेजीसेऔरबहुतबड़ेक्षेत्रोंमेंहाईरेसोलुसनएक्विफ़रकामेपबनानेकेलिएयहसबसेउन्नतभूभौतिकीयतकनीकहै।केंद्रीयभूमिजलबोर्ड,जलशक्तिमंत्रालय,भारतसरकारद्वारादेशकेइतनेबड़ेशुष्क/अर्धशुष्कक्षेत्रमेंजलभृतोंकीपहचानकरनेकेलिएअत्याधुनिकप्रौद्योगिकीकाउपयोगकियाजाएगा।

राजस्थान-मेंसर्वेकाकुलक्षेत्रफल66810वर्गकिमीहै।प्राथमिकक्षेत्रजिसमेंसीकर,जैसलमेरऔरजोधपुरजिलोंमें16,738वर्गकिमीक्षेत्रमेंसर्वेहोगाऔरगंगानगर,बीकानेर,चुरू,पालीऔरजालोरजिलोंमें50072वर्गकिमीक्षेत्रमेंसर्वेकियाजाएगा।

हरियाणा-कुरुक्षेत्रऔरयमुनानगरजिलोंमें2642वर्गकिमीक्षेत्रमेंसवेँहोगा।

गुजरात-राजकोट,जामनगर,मोरबी,सुरंद्रानगरऔरदेवभूमिद्वारकाजिलोंमें31907वर्गकिमीक्षेत्रमेंसर्वेकियाजाएगा।

•जलभृतमेप,कृत्रिमपुनर्भरणकेस्थानों,3डीजियाफिजिकलमेप,असंतृप्तजलभृतोंकीजानकारीकेसाथअंडरग्राउंडवाटरकीगुणवत्ताकीपहचान

•पुरा-वाहिकानेटवर्ककास्थानागतवितरण,यदिकोईहो,औरजलभृतप्रणालीकेसाथउसकीसंहलग्नता

•भूजलनिकासीकेलिएउत्तमउपयुक्तस्थलऔरकृत्रिमयाप्रबंधितजलभृतपुनर्भरणकेजरिएजलसंरक्षण

इसअध्ययनकेनिष्कर्षोंसेपानीकीकमीवालेक्षेत्रोंमेंभूजलस्तरमेंसुधारकरनेकेलिएक्षेत्रविशिष्टयोजनाएंतैयारकरनेऔरभूजलसंसाधनोंकेसततप्रबंधनकेलिएमार्गप्रशस्तकरनेमेंमददमिलेगी।

By Curtis